इन्सान अपने हाथ भी वहीं फैलाता है, जहाँ से उसे कुछ मिलाने की उम्मीद होती है, फिर चाहे वो ख़ुदा का दर हो, या फिर किसी दौल…
Read more »नियति का नियम तुझको सोचना पड़ेगा, तेरे 'कर्मो' का तुझको ही भोगना पड़ेगा। Niyati kaa niyam tujhko sochna padega, T…
Read more »देखकर मेरी मुफ़लिसी बाबा, हर किसी ने मुझसे पल्ला झाड़ा है, मेरी लाज अब तेरे हाथ, मेरे हाथों में तो तेरे नाम का नगाड़ा है..…
Read more »तक़दीर का लिखा यहाँ किसने देखा है, होगा वही जो हाथों में तेरे खिंची रेखा है, तू धर्म की राह पर बस कर्म करता जा.., उसके द…
Read more »।। सुना है बाबा तू सबका सहारा है ।। ।। फिर मुझसे क्यूँ इतना किनारा है ।। ।। अब ग़म दे या ख़ुशी बाबा ये तेरी मेहरबानी ।। ।…
Read more »जिस रोज़ ख़ुदा की रहमत होगी, साकार तुम्हारी हर मेहनत होगी। Jis roz khuda ki rahmat hogi, Saakar tumhari har mehnat hogi। …
Read more »जिस रोज़ तुम्हारी मेहनत का किसी ग़रीब के मुंह में निवाला जाएगा, यक़ीन करो वो फिर तुम्हें इतना देगा कि तुमसे ना सम्भाला जाए…
Read more »ना मंदिर ना मस्जिद, और ना ही किसी गुरूद्वारे ढूंढ़ो, उसे आँखें बंद कर के, अपने मन-मंदिर के द्वारे ढूंढ़ो । Naa mandir naa…
Read more »किसी का इतना बुरा भी मत करना, कि कहीं उसको बुरा लग जाये...!! Kisi kaa itna bhi bura mat karna, Ki kahin usko bura lag j…
Read more »वो देकर ही नहीं.., लेकर भी आज़माता है। Woh dekar hi nahin.., Lekar bhi aazmata hai। Read more... Article By. Dharm_Singh
Read more »वो आँखें बंद करके भी, सब-कुछ देख रहा है..!! Woh aankhen band karke bhi, Sab-kuchh dekh raha hai..!! Read more... Articl…
Read more »तुम कर लो उसकी बन्दगी, आसां हो जाएगी ज़िन्दगी..! Tum kar lo uski bandagi, Aasan ho jaayegi zindagi..! Read more... Artic…
Read more »उसके दरबार में.., कर्मों के सिवा कोई दलील नहीं चलती। Uske darbaar mein.., Karmon ke siva koi daleel nahin chalti। Read …
Read more »उसे नेकियां पसंद है, चालाकियां नहीं...!! Use nekiyan pasand hai, Chalakiyan nahin...!! Read more... Article By. Dharm_S…
Read more »वो Status नहीं, 'कर्म' देखता है..! Woh status nahin, 'Karm' dekhta hai..! Read more... Article By. Dhar…
Read more »वो बिन मांगे ही बहुत कुछ दे भी सकता है, और बिन बताये सब-कुछ ले भी सकता है। Woh bin maange hi bahut kuchh de bhi sakta h…
Read more »अच्छा या बुरा जो भी हो रहा है, सब सही हो रहा है, चाल तो वो चल रहा है, हम तो फ़क़त इक मोहरा हैं। Achchha yaa bura jo bhi h…
Read more »जिन्हें हम सही होकर भी कुछ जवाब नहीं दे पाते, उन्हें फिर वो सही वक़्त पर सही जवाब देता है..!! Jinhein hum sahi hokar bhi…
Read more »वो हैसियत नहीं, 'नीयत' देखता है। Woh haisiyat nahin, 'Neeyat' dekhta hai । Read more... Article By. Dha…
Read more »मेरी ख़ुशियों का रखवाला, है वो बस इक ऊपरवाला। Meri khushiyon kaa rakhwala, Hai woh bas ik uparwala। Read more... Article…
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