सबको अपना कहते-कहते, आज हम ख़ुद बेगाने हो गये हैं,
सब हँसते हैं मुझ पर, और मुझें 'हँसे' कई ज़माने हो गये हैं।
Sabko apna kahte-kahte, aaj hum khud begane ho gaye hain,
Sab hanste hain mujh par, aur mujhen 'hanse' kai zamane ho gaye hain।
- बेगाने - ग़ैर, पराया, दूसरा, अनजान, अपरिचित, जो अपना न हो
- ज़माने - बहुत समय, बहुत वक्त, युग, मुद्दत, अर्सा, देर, अतिकाल, दशा
- Article By. Dharm_Singh

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