ज़िन्दगी का सही सबक़ तो कोई अपना ही सिखाता है हमको,
कोई बार-बार दुत्कार कर, तो फ़िर कोई प्यार से पुचकार कर।
Zindagi kaa sahi sabaq toh koi apna hi sikhata hai humko,
Koi baar-baar dutkar kar, toh fir koi pyaar se puchkar kar।
- सबक़ - पाठ, नसीहत, हिदायत, शिक्षा, अनुभव
- दुत्कार - अपमान, तिरस्कार, डांट, फटकार, धिक्कार, लानत
- पुचकार - चुमकार, स्नेह व्यक्त करना, प्रेम से मनाना, प्यार से कहना
- Article By. Dharm_Singh

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